भारतीय नौसेना दिवस का इतिहास | Indian Navy Day History in Hindi
भारतीय नौसेना दिवस का इतिहास 1971 के एतेहासिक भारत-पाकिस्तान के युद्ध से जुड़ा है जिसमे भारत ने पाकिस्तान पर न केवल विजय हासिल की बल्कि पूर्वी पाकिस्तान को आजाद करवाकर उसे स्वायत्तत राष्ट्र “बांग्लादेश” का दर्जा दिलाया था | 04 दिसम्बर 1971 को भारतीय नौसेना ने पाक के कराची में पेट्रोल के ठिकाने पर हमला किया था | भारतीय नौसेना इस गौरवमयी इतिहास की याद में हर वर्ष चार दिसम्बर को नौसेना दिवस मनाती है |
यह है विशिष्ट हथियार
पनडुब्बियो का सबसे अधिक उपयोग सैनिक कार्यो के लिए किया जाता है अत: वर्तमान समय में यह किसी भी देश की नौसेना का एक महत्वपूर्ण अंग है अन्य देशो की नौसेनाओ की तरह भारतीय नौसेना ने भी अपने बेड़े में पनडुब्बियो को शामिल किया है | इस समय हमारी नौसेना के पास 16 पनडुब्बिया है जो मुख्य रूप से रूस या जर्मनी में बनाई गयी है |
भारतीय नौसेना पोत INS अरिहंत परमाणु शक्ति चलित भारत की प्रथम स्वनिर्मित परमाणु पनडुब्बी है जिसे विशाखापत्तनम में तैयार किया गया है | अपने नाम के अन्रुरूप यह समुद्र के दुश्मनों को मात देने में पुरी तरह सक्षम है हालांकि अभी इसका कार्यवहन शुरू नही हुआ है इसे बनाने के बाद भारत भारत विश्व अक छठा ऐसा देश बन गया जिसके पास स्वनिर्मित पनडुब्बी है इससे पहले यह तकनीक अमेरिका ,रूस ,फ्रासं ,ब्रिटेन ,जर्मनी और चीन के पास थी |

मित्रो जैसा कि आप जानते है कि पृथ्वी के मात्र एक तिहाई हिस्से पर मानव आबादी रहती है | इसके बाकी हिस्से में सागर और महासागर है | भारत भी एक समुद्रवर्ती राष्ट्र है इसकी समुद्रतट रेखा 7500 किमी से ज्यादा लम्बी है | इस क्षेत्र की सुरक्षा में हमारी नौसेना अहम भूमिका निभाती है और किसी भी नौसेना की असल ताकत उनकी पनडुब्बी होती है | तो भारतीय नौसेना दिवस आपको पनडुब्बी से जुडी रोचक जानकारी बताते है
पनडुब्बी की कहानी | Submarine Story in Hindi
विश्व की पहली पनडुब्बी एक डच वैज्ञानिक ने 1602 में बनायी थी तथा पहली सैनिक पनडुब्बी “टर्टल” 1775 में बनायी गयी थी | 1620 से लेकर अब तक पनडुब्बियो की तकनीक और निर्माण में क्रांतिकारी परिवर्तन हुए | 1950 में परमाणु शक्ति से चलनेवाली पनडुब्बियो ने डीजल चलित पनडुब्बियो का स्थान ले लिया | ऑक्सीजन की पर्याप्त उपलब्धता के लिए इसके अंदर के ऑक्सीजन टंकी होती है |आधुनिक पनडुब्बियो में समुद्री जल के विघटन प्रक्रिया द्वारा ऑक्सीजन प्राप्त करने की व्वयस्था होती है |
विशेष प्रक्रिया द्वारा कार्बन-डाई-ऑक्साइड को भी अवशोषित किया जाता है ताकि पनडुब्बी के अंदर के सदस्यों को सांस लेने सम्बन्धी समस्या उत्पन्न न हो सके | इसी प्रकार अगर आग लग जाती है तो ऐसी स्थिति में जिस भाग में आग लगी होती है उसे विशेष रूप से बने पर्दों की सहायता से शेष पनडुब्बी से अलग कर दिया जाता है | इस तरह वर्तमान में आधुनिक पनडुब्बिया कई महीने तक पानी में रह सकती है |
पहली परमाणु पनडुब्बी
अमेरिका के सैनिक इंजिनियर हेमर रिकवर ने सबसे पहले परमाणु उर्जा चलित इंजन बनाने का प्रस्ताव रखा फिर 1949 से स्वयं ही बनाने के काम भी सम्भाल लिया | 1952 में उस पनडुब्बी का निर्माण कार्य शुरू हुआ और 21 जनवरी 1954 को नौटिलस नाम के परमाणु पनडुब्बी को समुद्र में उतार दिया गया | बाद में उसे नौसेना को सौंप दिया |
नौटिलस पुरी पूर्ण रूप से युद्ध के लिए तैयार पनडुब्बी थी जिसमे सभी आवश्यक शस्त्र ,अन्य नागरिक सामान और छह टारपीडो यूनिट थी | 17 जनवरी 1955 को इस परमाणु उर्जा चालित इंजन वाले पोत को पहली बार समुद्र में रवाना किया गया | अनेक खूबियों के वावजूद इसके रिएक्टर और टरबाइन डीजल इंजन की अपेक्षा शोर काफी रकते थे |
भारतीय जल सेना के रोचक तथ्य | Indian Navy Facts in Hindi : किसी भी देश की बाहरी सुरक्षा वहां की सेना करती है. हमारे भारत की अगर बात की जाये, तो यहां भी सेना की अहम भूमिका को नकारा नहीं जा सकता. भारत के पास तीन सेनाएं हैं. वायु सेना, थल सेना और जल सेना. इन तीनों का कार्यक्षेत्र अलग-अलग होता है. किसी के भी काम को कम ज़्यादा नहीं आंका जा सकता.
इस लेख में हम आज भारतीय जल सेना के बारे में ऐसी बातें बताने जा रहें हैं जो आपको पता नहीं होंगी.
1. इंडियन नेवी की स्थापना 1830 में हुई थी. उस समय भारत में ब्रिटिश शासन था.
2. 1946 में इंडियन नेवी के अंदर ब्रिटिश पुलिस के खिलाफ़ विद्रोह पैदा हो गया था.
3. 22 अप्रैल1958 को वॉइस एडमिरल राम दास खत्री को इंडियन नेवी का पहला भारतीय चीफ़ बनने का सौभाग्य प्राप्त हुआ.
4. 1961 में इंडियन नेवी ने पहला एक्शन गोआ से पुर्तगाल नेवी को हटाने के लिए उठाया. इसे ऑप्ररेशन विजय का नाम दिया गया.
5. 1971 में हुए हिंद-पाक युद्ध के दौरान भारतीय नेवी ने अपने इतिहास का सर्वश्रेष्ठ प्रर्दशन किया था.
6. 4 दिसंबर 1971 को इंडियन नेवी ने पाकिस्तान के हेड क्वार्टर पर आक्रमण किया था, इस हमले से पाकिस्तान पूरी तरह थर्रा उठा था.
इंडियन नेवी ने इस दिन हमला करके कराची बंदरगाह पर पड़े सारे पेट्रोल के बेरलों को तबाह कर दिया था. इस दिन को नेवी दिवस के रूप में भी मनाया जाता है.
7. अभी तक इंडियन नेवी तीन अंतरराष्ट्रीय ऑप्ररेशन्स को बेहद सफलतापूर्वक अंजाम दे चुकी है.
8. कारगिल युद्ध के दौरान भी इंडियन नेवी ने ऑप्ररेशन तलवार को अंजाम दे कर भारतीय सेना का साथ दिया, जिससे थल सेना को काफी लाभ भी मिला
9. इंडियन नेवी का अपना पहला एयरक्रॉफ्ट आईएनएस विक्रांत था.
10. एम.एस कोहली को 1965 में भारत का पहला माउंट एवरेस्ट अभियान चलाने का श्रेय जाता है.
11. इंडियन नेवी का पहला Permanent Commission लेने वाले डी.एन. मुखर्जी थे.
2. फ़िलहाल भारतीय जल सेना के पास 181 समुद्री जहाज, 213 एयरक्रॉफ्ट के साथ-साथ 58,350 सैनिकों का बल है.
13. इंडियन नेवी के पास दो विमान वाहक हैं: आईएनएस विराट और आईएनएस विक्रमआदित्य.
14. भारतीय जल सेना में 9 Destroyers, 15 Frigates, 1 Nuclear Powered Submarine के साथ-साथ 14 Conventionally Powered Submarines भी शामिल हैं.
15. एशिया की सबसे बड़ी नेवल अकेडमी INS Zamorin भारतीय जल सेना द्वारा ही चलाई जाती है.
16. जल सेना के कुछ हाथ हवा में भी हैं. इनके पास MiG 29 k है, जो खूफ़िया मिशन में काफ़ी सहायक रहता है.
17. MARCOS भारतीय जल सेना की कमांडो फोर्स है, जो अभी तक कई मिशन को अंजाम दे चुकी है. जिसमें 26/11 की कार्यवाही विशेष है.
18. इंडियन नेवी की Bramhos missile, Supersonic Technique से बनी है.
19. इसरो ने नेवी के लिए अपना एक उपग्रह भी बनाया है. जिसका नाम GSAT-7 है.
20. इंडियन नेवी ने मानवता से संबंधी कई कदम उठाये हैं. लीबिया से भारतीयों को अपने-अपने घर पहुंचाने में इंडियन नेवी की भागीदारी रही है. इसको ऑप्ररेशन राहत का नाम दिया गया था.
21. इंडियन नेवी के Logo में क्रास के बीच सत्यमेव जयते लिखा है.
22. इसके जहाज और पनडुब्बी अमूमन स्वदेशी ही होते हैं.
23. 2027 तक 150 जहाजों और 500 एयरक्रॉफ्ट्स को शामिल करने का लक्ष्य है.
24. स्वदेश निर्मित आईएनएस विक्रांत 2018 तक बन कर तैयार हो जायेगा और 2025 तक पहला सुपरस्पेशल तकनीक से निर्मित आईएनएस विशाल हमारे पास होगा.
25. Karwara में भारत का सबसे बड़ा नेवल कैंप है.
26. आने वाले 10 सालों में भारतीय जल सेना प्रत्येक वर्ष पांच समुद्री जहाजों को अधिकृत करेगा.
27. आज भी भारतीय जल सेना एशिया में सबसे शक्तिशाली सेना का रुतबा बरकरार रखे हुए हैं.
28. इंडियन नेवी अपने कमोर्टा जैसे जहाज को अत्याधुनिक तकनीक से लैस कर रही है.
29. प्रोजेक्ट-17A के तहत नेवी 7 शिवालक Frigates भी बनाने जा रही है.
30. भारत और इज़राइल दोनों मिल कर Barak-8 भी बना रहे हैं जो भारत के काफ़ी काम आने वाली है.
31.अपनी Submarine Strength को सुधारने के लिए नेवी लगातार प्रयासरत है.
32. इंडियन नेवी के इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है जब भारत और अमेरिका एक साथ मिलकर काम कर रहे हैं.
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